वंदनीय माताओं ने लिखी सफळता की कहानी…किसी ने खोला चाय दुकान..तो .किसी ने शुरू किया सिलाई का काम..बताया..आसान हुई जिन्दगी
महतारी वंदन योजना से मिली महिलाओं को आर्थिक ताकत

बिलासपुर—राज्य सरकार की महिला सशक्तिकरण की महत्वपूर्ण योजना महतारी वंदन से महिलाओं को आर्थिक आत्मनिर्भरता मिल रही है। सरकार ने योजना के तहत योजना की आठवीं किश्त की राशि सीधे महिलाओं के खाते में हस्तांतरित किया है। ग्राम दलदलीहा निवासी माहेश्वरी बंजारे ने बताया कि योजना से मिली राशि से छोटा सा व्यवसाय शुरू किया है। महतारी वंदन से महिलाओं को आर्थिक ताकत मिली है।
महतारी वंदन योजना की आठवी किस्त प्रदेश सरकार ने वंदनीय महतारियों के खाते में जमा कर दिया है। खाते में पैसा आते ही महिलाओं ने सरकार के प्रति आभार भी जाहिर किया है। दलदलीहा गांव की माहेश्वरी बंजारे ने सकरी बायपास रोड पर अपना छोटा सा व्यवसाय शुरू कर दिया है। महेश्वरी ने बताया कि योजना से परिवार को आर्थिक ताकत मिली है। सरकार से मिलने वाली 1000 की राशि से गरीब परिवारों को डूबते को तिनके का सहारा है।
महेश्वरी ने कहा कि सहायता राशि मिलने के बाद चाय,नाश्ते का ठेला लगाने लगी। अतिरिक्त कमाई से परिवार का भरण पोषण आसान हो गया। माहेश्वरी ने योजना की तारीफ में कहा कि सरकार ने महतारी वंदन योजना ने महिलाओं घर और समाज में सम्मान बढ़ाया है।
सकरी निवासी दिव्यांग महिला सुलोचना सूर्यवंशी ने कहा कि सरकार से नियमित मिलने वाली एक हजार की राशि से घर की जरूरतों को पूरा करने में आसानी हो गयी है। सकरी की ही रीता सूर्यवंशी ने बताया कि सिलाई मशीन चलाकर परिवार का भरण पोषण कर रही है।महतारी वंदन योजना से रोजमर्रा की जरूरतों को पूरा करना बहुत आसान हो गया है।
जानकारी देते चलें कि महतारी वंदन योजना के तहत प्रदेश सरकार प्रत्येक महीने गृहलक्ष्मियों को 1000 रूपए की आर्थिक सहायता दे रही है। इस माह महिलाओं को योजना के तहत आठवीं किश्त की राशि प्राप्त हुई है।









